महाराष्ट्र सरकार में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री Dhananjay Munde ने 4 मार्च 2025 को अपने पद से इस्तीफा दे दिया। यह निर्णय मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के अनुरोध के बाद लिया गया। उनके इस्तीफे की मुख्य वजह उनके करीबी सहयोगी वाल्मिक कराड का सरपंच संतोष देशमुख की हत्या मामले में आरोपी होना बताया जा रहा है। हालाँकि, मुंडे ने अपने इस्तीफे का कारण स्वास्थ्य समस्याओं को बताया और कहा कि उन्हें इलाज के लिए समय चाहिए।

Table of Contents
Dhananjay Munde इस्तीफे की वजह
Dhananjay Munde के इस्तीफे के पीछे मुख्य रूप से दो प्रमुख कारण सामने आए हैं:
1. सरपंच संतोष देशमुख हत्या मामला
- संतोष देशमुख, जो बीड जिले के मसाजोग गांव के सरपंच थे, की 9 दिसंबर 2024 को निर्मम हत्या कर दी गई थी।
- देशमुख ने जिले में एक ऊर्जा कंपनी से जबरन वसूली का विरोध किया था, जिसके कारण उन्हें अगवा कर अत्याचार किया गया और फिर उनकी हत्या कर दी गई।
- इस मामले में वाल्मिक कराड, जो धनंजय मुंडे के करीबी माने जाते हैं, मुख्य आरोपी के रूप में सामने आए हैं।
- महाराष्ट्र संगठित अपराध नियंत्रण अधिनियम (MCOCA) के तहत आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
- 27 फरवरी 2025 को महाराष्ट्र अपराध अन्वेषण विभाग (CID) ने इस मामले में 1200 पन्नों की चार्जशीट अदालत में दाखिल की।
- मामले की गंभीरता को देखते हुए विपक्ष लगातार धनंजय मुंडे के इस्तीफे की माँग कर रहा था।
2. स्वास्थ्य कारणों का हवाला
- धनंजय मुंडे ने अपने इस्तीफे की घोषणा करते हुए कहा कि वे स्वास्थ्य कारणों से यह पद छोड़ रहे हैं।
- उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट के जरिए कहा कि उन्हें इलाज के लिए समय चाहिए।
- इसके अलावा, उन्होंने घटना से संबंधित जो तस्वीरें और वीडियो सामने आए, उन्हें देखकर गहरा दुख व्यक्त किया।
- उनके इस बयान पर विपक्ष ने सवाल उठाए और इसे मात्र एक बहाना करार दिया।
मुख्यमंत्री Dhananjay Munde फडणवीस और विपक्ष की प्रतिक्रिया
- मुख्यमंत्री Dhananjay Munde देवेंद्र फडणवीस ने धनंजय मुंडे का इस्तीफा स्वीकार करते हुए इसे राज्यपाल को भेज दिया है। उन्होंने पहले ही विधानसभा में स्पष्ट कर दिया था कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने कहा कि मुंडे ने नैतिकता के आधार पर इस्तीफा दिया है।
- विपक्षी दलों ने धनंजय मुंडे और मनिकराव कोकाटे, दोनों के इस्तीफे की माँग की थी।
सरपंच संतोष देशमुख हत्या मामला: प्रमुख तथ्य
- हत्या की तारीख: 9 दिसंबर 2024
- स्थान: मसाजोग, बीड जिला
- प्रमुख आरोपी: वाल्मिक कराड (धनंजय मुंडे के करीबी)
- मकसद: ऊर्जा कंपनी से जबरन वसूली रोकने पर हत्या
- चार्जशीट: 27 फरवरी 2025 को CID ने 1200 पन्नों की चार्जशीट अदालत में दाखिल की।
- पुलिस केस: बीड जिले के केज पुलिस स्टेशन में तीन अलग-अलग मामले दर्ज किए गए:
- सरपंच की हत्या
- ऊर्जा कंपनी से जबरन वसूली का प्रयास
- कंपनी के सुरक्षाकर्मी पर हमला
धनंजय मुंडे: राजनीतिक सफर
- राजनीतिक दल: राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP – अजित पवार गुट)
- विधानसभा क्षेत्र: परली, बीड जिला
- पद:
- 2024 विधानसभा चुनाव में शरद पवार गुट के राजासाहेब देशमुख को हराकर विधायक बने।
- महाराष्ट्र सरकार में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री नियुक्त हुए।
- 2019-2022: उद्धव ठाकरे सरकार में सामाजिक न्याय और विशेष सहायता मंत्री रहे।
- पूर्व में बीड जिले के संरक्षक मंत्री भी रहे।
- पारिवारिक पृष्ठभूमि:
- वे भाजपा नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री गोपीनाथ मुंडे के भतीजे हैं।
- उनकी चचेरी बहन पंकजा मुंडे वर्तमान में महाराष्ट्र सरकार में पर्यावरण और जलवायु परिवर्तन मंत्री हैं।
इस्तीफे के संभावित प्रभाव
1. महाराष्ट्र सरकार पर प्रभाव
- अजित पवार के नेतृत्व वाले NCP गुट को झटका लग सकता है।
- विपक्ष इसे भ्रष्टाचार और अपराध से जुड़ी सरकार के रूप में पेश कर सकता है।
2. राजनीतिक समीकरणों में बदलाव
- शरद पवार गुट इस घटना को भुनाकर NCP कार्यकर्ताओं को अपने पक्ष में कर सकता है।
- भाजपा और शिवसेना शिंदे गुट को भी इस मामले पर स्पष्ट रुख अपनाना पड़ेगा।
3. आम जनता की प्रतिक्रिया
- जनता में कानून व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ सकती है।
- बीड जिले में इस मुद्दे पर बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हो सकते हैं।

निष्कर्ष
Dhananjay Munde का इस्तीफा महाराष्ट्र की राजनीति में एक बड़ा घटनाक्रम है। भले ही उन्होंने स्वास्थ्य कारणों का हवाला दिया हो, लेकिन यह स्पष्ट है कि सरपंच संतोष देशमुख की हत्या मामले में उनके करीबी सहयोगी की संलिप्तता ने राजनीतिक दबाव बढ़ा दिया था। विपक्ष इस मुद्दे को भुनाने की कोशिश करेगा, जबकि सरकार को अपनी छवि बचाने के लिए सख्त कार्रवाई करनी होगी। आगे आने वाले दिनों में इस मामले का असर महाराष्ट्र की राजनीति पर देखने को मिलेगा।